Skip to content

Swami Vevekananda Quotes in Hindi: स्वामी विवेकानंद के अनमोल विचार

आप ही अपना उद्धार करना होगा।  सब कोई अपने आपको उबारे।  सभी विषयों में स्वाधीनता, यानी मुक्ति की ओर अग्रसर होना ही पुरूषार्थ है।  जिससे और लोग दैहिक, मानसिक और आध्यत्मिक स्वाधीनता की ओर अग्रसर… Swami Vevekananda Quotes in Hindi: स्वामी विवेकानंद के अनमोल विचार

HAPPY DEEPAWALI

आज दीपोत्सव है। दीपों का त्योहार, अर्थात् अंधकार को दूर करने का त्योहार। आज के दिन अंधकार को मिटाने एवं प्रकाश को फैलाने का भरपूर प्रयास हमसब के द्वारा होता है।  स्वच्छता पर भी आज… HAPPY DEEPAWALI

जिन खोजा तिन पाइयां, गहरे पानी पैठ।

सोया हुआ आदमी जागता है, जागा हुआ नहीं।  परिश्रम कभी व्यर्थ नहीं जाता।  परिश्रम के उपरांत भी अगर सफलता नहीं मिलती तो भी परिश्रम के अबधि में कमी या कार्यपद्धति में दोष मानी जानी चाहिए। … जिन खोजा तिन पाइयां, गहरे पानी पैठ।

उपदेश से करनी भली।

बच्चा जैसा किन्ही को अपने समाने करते देखता है, वैसा ही करता है।  विज्ञान के विषयों के शिक्षण से सैद्धांतिक अध्ययन के साथ—साथ प्रयोगिक अभ्यास भी कराया जाता है।  कारण प्रयोग के बिना हमारी ज्ञान… उपदेश से करनी भली।

गुलाब में भी कांटे होते हैं।

बहुत बड़े विद्वान, महात्मा, तपस्वी, राजनेता, शासक, व्यापारी या किसी क्षेत्र के असाधरण हस्तियों के सफलता का राज क्या है?  आखिर भीड़ में कैसे वह सर्वोच्च स्थान प्राप्त कर लेता है?  अपने समान कार्यकत्ताओं को… गुलाब में भी कांटे होते हैं।

सादा जीवन उच्च विचार: Simple Living, High Thinking

संपन्नता एवं सहृदयता के बीच उचित सामंजस्य दैवतुल्य मानव में ही देखा जा सकता है।  इस व्यवसायिक युग में निरंतर धन और धर्म में हमेशा द्वंदयुद्ध चल रहा है।  जिसमें धन लगातार धर्म को मात… सादा जीवन उच्च विचार: Simple Living, High Thinking

नेक अप, नेक डाउन:विकास का एकमात्र फार्मूला।

विकसित देशों में खासकर अमेरिका में विकास का नेक अप, नेक डाउन का फार्मूला बेहद प्रचलित एवं लोकप्रिय है। वहाँ के प्रत्येक नागरिक इस पर अमल भी करते हैं। हमारे भारत में भी जाने—अनजाने में… नेक अप, नेक डाउन:विकास का एकमात्र फार्मूला।

व्यक्तिगत विकास के द्वारा ही समाज का विकास संभव है।

आजकल सोशल मिडिया, सामाजिक संगठनों और राजनैतिक पार्टियों इत्यादि जैसे मंचों से अपने समाज के बुद्धिजीवियों, समाजसेवकों एवं राजनेताओं के द्वारा अपने समाज के विकास हेतु समाज में एकता लाने का प्रयास लगातार किये जा… व्यक्तिगत विकास के द्वारा ही समाज का विकास संभव है।

सामाजिक विकास हेतु जनसंख्या बृद्धि रोका जाना अत्यन्त आवश्यक

पुराने जमाने में पुत्र को मोक्ष प्राप्ति के कारण माना जाता था। नि:पुत्र दम्पतियों को हेय दृष्टि से देखा जाता था। ऐसी मान्यता थी कि पुत्रवान ही स्वर्गाधिकारी हो सकते हैं। उस समय पृथ्वी पर… सामाजिक विकास हेतु जनसंख्या बृद्धि रोका जाना अत्यन्त आवश्यक

अनियंत्रित जनसंख्या,विकास के मार्ग में बाधक।

विश्व में अगर किसी चीज के उत्पादन में लगातार बृद्धि हो रही है तो वह है मानव का उत्पादन। प्रत्येक सेकेंड में विश्व में कहीं न कहीं तीन बच्चे पैदा होते हैं। इस प्रकार प्रत्येक… अनियंत्रित जनसंख्या,विकास के मार्ग में बाधक।

समाजोत्थान में महिलाओं की भूमिका

विश्व एक महान परिवर्त्तन के दौर से गुजर रहा है। अनेक क्षेत्रों में क्रांतिकारी परिवर्त्तन हो रहा है। परतंत्र देश स्वतंत्र होना चाहता है, स्वतंत्र देश की जनता वहाँ लोकतंत्र को मजबुत करना चाहती है।… समाजोत्थान में महिलाओं की भूमिका

जोश के साथ होश भी जरूरी

दुनियाँ के सभी क्षेत्रों में बहुत तेजी से विकास हो रहा है। अनेक विकसित देशों की सरकारें एवं स्वयंसेवी संस्थाएँ अल्पविकसित या पिछड़े देशों के सहायतार्थ अनेक कल्याणकारी कार्यक्रम चला रहे हैं, ताकि कहीं भी… जोश के साथ होश भी जरूरी

किशोर आगे आयें।

किशोरवय में मस्तिष्क अपरिपक्व कोमल एवं अत्यन्त संवेदनशील रहता है। थोड़े दिनों में उनके शारीरिक संरचना में भी अनेक प्रकार के परिवर्तन हो जाते हैं। वे अपने को अचानक एक नया माहौल में पाते हैं,… किशोर आगे आयें।

युवाशक्ति: महाशक्ति

राष्ट्र की वास्तविक शक्ति युवाशक्ति ही होती है। युवाशक्ति वह शक्ति है जो चाहे तो सदियों से परतंत्र किसी राष्ट्र को क्षणभर में स्वतंत्र करा सकती है। किसी परिवार, समाज या राष्ट्र में व्याप्त दरिद्रता,… युवाशक्ति: महाशक्ति

आत्मनिर्भर बनें, भाग्य भरोसे मत बैठें।

कुछ लोगों का कथन है -सारा संसार का संचालन सर्वशक्तिमान ईश्वर के द्वारा होता है। वे ही हमारे कर्मों (भाग्य) के निर्माता हैं। अतः जो वे चाहेंगे वही होगा। समस्त प्राणी उनके इच्छानुसार कार्य करते… आत्मनिर्भर बनें, भाग्य भरोसे मत बैठें।

शिक्षा के बिना विकास असंभव

आज हम इक्कीसवीं सदी में जी रहे हैं। दुनियाँ दिन दूनी रात चैगुनी प्रगति कर रही है। अनेक प्रकार के वैज्ञानिक आविष्कृत वस्तुएँ हमारी दैनिक जीवन को बेहद आसान एवं आनन्दमय बना दिया है। हजारों… शिक्षा के बिना विकास असंभव

आपकी बात : अपनी बात

व्यक्तिगतरूप से मैं धर्म, जाति, संप्रदाय या क्षेत्र के आधार पर मानव को बाँटने के पक्ष में नहीं हूँ। ये सभी विघटनकारी तत्व के कारण ही मानव समुदाय दो वर्गो में विभाजित हो गया। पहला… आपकी बात : अपनी बात

धर्म और राजनीति

भारत एक धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र है। एक धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र में सभी धर्माें के अनुयायियों को समान अवसर प्राप्त होता है। धार्मिक आधार पर न तो भेदभाव किया जाता है न ही किसी धर्म विशेष के अनुयायियों… धर्म और राजनीति

आओ बच्चों तुम्हे दिखाएं

आओ बच्चों तुम्हें दिखाएं झाँकी हिंदुस्तान की इस मिट्टी से तिलक करो ये धरती है बलिदान की वंदे मातरम … उत्तर में रखवाली करता पर्वतराज विराट है दक्षिण में चरणों को धोता सागर का सम्राट… आओ बच्चों तुम्हे दिखाएं